नयी दिल्ली, 11 फरवरी (भाषा) सरकार ने मंगलवार को कहा कि अक्टूबर 2024 से जनवरी 2025 के बीच अमेरिकी डॉलर की तुलना में भारतीय रूपये में 3.3 प्रतिशत की गिरावट आयी है किंतु यह गिरावट कुछ एशियाई मुद्राओं की तुलना में कम है।
वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने एक प्रश्न के लिखित उत्तर में राज्यसभा को यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि कैलेंडर वर्ष 2024 के प्रारंभ से ही अन्य एशियाई मुद्राओं के साथ-साथ भारतीय रूपया भी अमेरिकी डॉलर की तुलना में गिर रहा था। उन्होंने कहा कि यह गिरावट अनिश्चितताओं और अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव के नतीजों के बीच हुई।
उन्होंने कहा कि अमेरिकी डॉलर सूचकांक एक जनवरी 2024 से 30 जनवरी 2025 के बीच सभी एशियाई मुद्राओं के मुकाबले सात प्रतिशत चढ़ा।
उन्होंने कहा कि इस अवधि में भारतीय मुद्रा में 3.3 प्रतिशत की गिरावट आयी। उन्होंने कहा कि इसी दौरान दक्षिण कोरिया की मुद्रा वोन और इंडोनेशिया की मुद्रा रूपये में क्रमश: 8.1 प्रतिशत और 6.9 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गयी।
चौधरी ने कहा कि इस अवधि के दौरान, सभी जी-10 देशों की मुद्राओं में छह प्रतिशत से अधिक की गिरावट दर्ज की गयी। उन्होंने कहा कि इस अवधि में यूरो में 6.7 प्रतिशत तथा ब्रिटिश पौंड में 7.2 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गयी।
उन्होंने कहा कि रूपये के ऊपर अमेरिका एवं भारत के बीच ब्याज दरों में घटते अंतर के कारण भी दबाव बना हुआ है।
भाषा माधव अविनाश
अविनाश
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