असम विधानसभा उपाध्यक्ष पर कांग्रेस विधायक के कथित हमले के आरोप के बाद सदन की कार्यवाही स्थगित |

असम विधानसभा उपाध्यक्ष पर कांग्रेस विधायक के कथित हमले के आरोप के बाद सदन की कार्यवाही स्थगित

असम विधानसभा उपाध्यक्ष पर कांग्रेस विधायक के कथित हमले के आरोप के बाद सदन की कार्यवाही स्थगित

Edited By :  
Modified Date: March 24, 2025 / 12:48 PM IST
,
Published Date: March 24, 2025 12:48 pm IST

गुवाहाटी, 24 मार्च (भाषा) असम विधानसभा में सोमवार को तब हंगामा देखने को मिला जब सत्ताधारी पार्टी ने आरोप लगाया कि कांग्रेस विधायक नूरुल हुदा ने विधानसभा के उपाध्यक्ष नुमाल मोमिन पर सदन के बाहर हमला किया। हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही स्थगित करनी पड़ी।

कांग्रेस विधायकों ने सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायक रूपज्योति कुर्मी के खिलाफ विरोध जताने के लिए काले कपड़े पहनकर असम विधानसभा में भाग लिया। कुर्मी ने पिछले सप्ताह सदन के अंदर विपक्षी विधायकों के साथ कथित तौर पर दुर्व्यवहार किया था और उन पर हमला करने की कोशिश की थी।

बैठक शुरू होने से पहले, कांग्रेस विधायकों ने कुर्मी के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए विधानसभा भवन में सदन के अध्यक्ष के कक्ष के बाहर धरना दिया।

मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने प्रश्नकाल के बीच में कहा, ‘मुझे मोमिन की ओर से व्हाट्सएप पर सूचना मिली कि नूरुल हुदा ने उन पर हमला किया है और अब वह अस्पताल में भर्ती हैं। मैं अध्यक्ष से अनुरोध करता हूं कि वह पुलिस में मामला दर्ज कराएं क्योंकि यह सदन के बाहर हुआ है। पुलिस मामले की जांच करेगी।’

इससे कुछ क्षण पहले, मोमिन सदन के अंदर बैठकर सत्र में भाग लेते देखे गए। कुछ समय बाद वह सदन से चले गए। विधानसभा अध्यक्ष बिस्वजीत दैमारी ने कहा कि उन्होंने अधिकारियों से मामले की जांच करने को कहा है।

मुख्यमंत्री के आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए नेता प्रतिपक्ष देवव्रत सैकिया ने पुलिस में मामला दर्ज करने के बजाय सदन की समिति से मामले की जांच कराए जाने की मांग की।

उन्होंने कहा कि बताया जा रहा है कि यह घटना विधानसभा भवन के अंदर हुई थी।

कांग्रेस, ऑल इंडिया यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (एआईयूडीएफ) और मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) समेत विपक्षी दलों के सदस्य सदन के आसन के करीब आए और मोमिन पर कथित हमले के संबंध में कुर्मी और सत्तारूढ़ पार्टी के बयान का विरोध किया।

शर्मा के नेतृत्व में सत्ता पक्ष ने भी नारेबाजी करते हुए जवाब दिया और कहा कि एक आदिवासी व्यक्ति मोमिन पर विपक्ष ने हमला किया था।

किसी भी पक्ष के नरम न पड़ने पर, दैमारी ने कहा कि उन्होंने विधानसभा सचिव से मोमिन की स्थिति के बारे में पता करने को कहा है। इसके बाद उन्होंने सदन की कार्यवाही 10 मिनट के लिए स्थगित कर दी।

भाषा जोहेब नेत्रपाल मनीषा

मनीषा

 

(इस खबर को IBC24 टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)