मुस्लिम समुदाय का कांग्रेस, राजद ने 'वोट बैंक' के तौर पर किया इस्तेमाल: चिराग |

मुस्लिम समुदाय का कांग्रेस, राजद ने ‘वोट बैंक’ के तौर पर किया इस्तेमाल: चिराग

मुस्लिम समुदाय का कांग्रेस, राजद ने 'वोट बैंक' के तौर पर किया इस्तेमाल: चिराग

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Modified Date: March 24, 2025 / 10:42 PM IST
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Published Date: March 24, 2025 10:42 pm IST

पटना, 24 मार्च (भाषा) केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने मुसलमानों की दुर्दशा के लिए सोमवार को कांग्रेस और बिहार में उसकी सहयोगी पार्टी राजद को सीधे तौर पर जिम्मेदार ठहराया और दावा किया कि इन पार्टियों ने समुदाय का केवल ‘वोट बैंक’ के तौर पर इस्तेमाल किया।

लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के प्रमुख अपनी पार्टी द्वारा आयोजित इफ्तार के अवसर पर पत्रकारों से बात कर रहे थे। इसमें बिहार के मुख्यमंत्री सह जद(यू) प्रमुख नीतीश कुमार और उपमुख्यमंत्री एवं भाजपा के वरिष्ठ नेता सम्राट चौधरी सहित राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) में शामिल अन्य सहयोगी दलों के नेता शामिल हुए,

हाजीपुर के सांसद पासवान से जमीयत उलेमा-ए-हिंद के अध्यक्ष मौलाना अरशद मदनी की वक्फ विधेयक को लेकर उस घोषणा के बारे में पूछा गया था, जिसमें राजग नेताओं चिराग पासवान, नीतीश कुमार और आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू द्वारा आयोजित इफ्तार और ईद मिलन से दूरी बढ़ते जाने की बात कही गई थी।

पासवान ने कहा, ‘‘मैं हिंदू हूं, फिर भी मैं इफ्तार पार्टी का आयोजन कर रहा हूं, क्योंकि जब हिंदू और मुसलमान साथ मिलकर रोटी खाते हैं, तो इससे सद्भाव और सद्भावना का संदेश जाता है। अगर कोई धार्मिक संगठन या उसके नेता ऐसे मौके पर राजनीतिक रुख अपनाते हैं, तो यह आयोजन की पवित्रता के खिलाफ जाता है।’’

उन्होंने कहा, ‘मदनी साहब बुजुर्ग हैं, जिनसे मेरे परिवार के करीबी संबंध रहे हैं। मैं उनका बहुत सम्मान करता हूं। उनकी नाराजगी सर आंखों पर… पर मेरी भी उनसे एक छोटी शिकायत है।’’

पासवान ने मदनी से सवाल करते हुए कहा, ‘‘मेरे पिता ने 2005 में मुस्लिम मुख्यमंत्री की मांग को लेकर अपनी पार्टी को समाप्त कर लिया था, उनके बेटे से आपको शिकायत है पर जिन्होंने मुसलमानों को लंबे समय तक अपना वोट बैंक बना करके रखा, उनसे आपको कोई शिकायत नहीं है।’’

पासवान ने कहा, ‘मैं मदनी साहब को सच्चर कमेटी की रिपोर्ट की याद दिलाना चाहूंगा, जिसमें देश में मुसलमानों की दयनीय स्थिति को उजागर किया गया। इसके लिए किस पार्टी को दोषी ठहराया जा सकता है? अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार के एक छोटे से दौर को छोड़कर, देश में कांग्रेस का शासन रहा है। इसी तरह बिहार में भी 2005 तक राष्ट्रीय जनता दल (राजद) सत्ता में था।’’

केंद्रीय मंत्री ने कहा, ‘मैं मदनी साहब के मेरे इफ्तार का बहिष्कार करने के फैसले का सम्मान करता हूं। लेकिन वह कांग्रेस और राजद को संरक्षण देकर सही काम नहीं कर रहे हैं, जो मुसलमानों को वोट बैंक की तरह मानते हैं और समुदाय की दुर्दशा के लिए जिम्मेदार हैं।’

अपने दिवंगत पिता रामविलास पासवान के 2005 के बहुचर्चित राजनीतिक कदम को याद करते हुए, लोजपा (रामविलास) अध्यक्ष चिराग ने कहा, ‘मैं अपने पिता के नक्शेकदम पर चलता रहूंगा, जिन्होंने बिहार में मुस्लिम को मुख्यमंत्री बनाने वाले दल को अपनी पार्टी का समर्थन देने का वादा करके अपना राजनीतिक करियर दांव पर लगा दिया था।’

भाषा अनवर आशीष

आशीष

 

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