नयी दिल्ली, 24 जनवरी (भाषा) केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) ने कहा कि जिन संस्थाओं को जीएसटी पंजीकरण कराने की आवश्यकता नहीं है, लेकिन जीएसटी अधिनियम के प्रावधान के तहत कर भुगतान करना आवश्यक है, वे अब अस्थायी पहचान संख्या (टीआईएन) प्राप्त कर सकती हैं।
सीबीआईसी ने जीएसटी नियमों में संशोधन को अधिसूचित किया है, ताकि उन संस्थाओं को टीआईएन जारी किया जा सके, जिन्हें जीएसटी अधिनियम के तहत पंजीकरण कराने की आवश्यकता नहीं है, लेकिन उन्हें कुछ विशिष्ट प्रावधानों के तहत भुगतान करने की आवश्यकता है।
माल एवं सेवा कर (जीएसटी) नियमों के तहत विनिर्माण तथा सेवा क्षेत्र में क्रमश: 40 लाख रुपये और 20 लाख रुपये वार्षिक कारोबार वाले व्यवसायों के लिए पंजीकरण अनिवार्य है।
सीबीआईसी ने केंद्रीय जीएसटी नियमों में नियम 16ए पेश करते हुए कहा, ‘‘ जहां कोई व्यक्ति अधिनियम के तहत पंजीकरण के लिए उत्तरदायी नहीं है, लेकिन उसे अधिनियम के प्रावधान के तहत कोई भुगतान करना आवश्यक है, वहां उचित अधिकारी उक्त व्यक्ति को एक अस्थायी पहचान संख्या प्रदान कर सकता है।’’
जीएसटी परिषद ने पिछले महीने अपनी बैठक में ऐसी संस्थाओं को टीआईएन जारी करने का निर्णय लिया था।
इससे सुचारू कर भुगतान सुनिश्चित होगा, साथ ही उन लोगों पर अनुपालन का बोझ कम होगा जो नियमित रूप से कर योग्य गतिविधियों में संलग्न नहीं होते हैं।
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